X Close
X

डरें नहीं, नियंत्रण में है कोरोना: योगी


Moradabad:

एजेंसीं न्यूज
सिद्धार्थनगर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जिस तरह से पूर्वांचल से इंसेफ्लाइटिस का खात्मा किया गया उसी तरह कोरोना पर भी पूरा नियंत्रण है। इससे घबराने की कोई जरूरत नहीं। बचाव ही एक रास्ता है। सफाई पर विशेष ध्यान दें। सतर्कता बरतें। सरकार इसके लिए गांव-गांव तक जागरूकता कार्यक्रम चला रही है।
मुख्यमंत्री रविवार को भारत-नेपाल बॉर्डर पर स्थित ककरहवा के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर जनआरोग्य स्वास्थ्य मेला, सुपोषण अभियान, संचारी रोग नियंत्रण अभियान के शुभारम्भ पर संबोधन कर रहे थे। कहा कि भारत-नेपाल दोनों देशों में महिला सशक्तिकरण का अभियान चल रहे हैं। यहां दो फरवरी को यह अभियान शुरू किया गया। यह पोषण अभियान के क्रम में एक व्यापक कार्यक्रम है। संचारी रोग नियंत्रण एक मार्च से शुरू है। होली का पर्व होने के बावजूद आपकी इतनी ज्यादा उपस्थिति के लिए मैं गर्व की अनुभूति कर रहा हूं। भारत की परंपरा मातृत्व शक्ति पूजा की रही है। दुनिया भी इससे सीख ले रही है। हमने सबसे पवित्र गाय को गोमाता माना, गंगा को भी मां का दर्जा दिया। तीन देवियों में सरस्वती, दुर्गा और लक्षमी जी की पूजा मनीषियों ने शुरू की थी।
सीएम ने कहा कि बेटी हो या बेटा यह विभेद सरकार ने खत्म किया गया है। बेटी के जन्म से लेकर स्नातक तक की शिक्षा के लिए एक निश्चित सहयोग राशि दी जा रही है। पंद्रह हजार तक सरकार दे रही है। विवाह में 51 हजार की राशि मुहैया कराई जा रही है। आगनबाड़ी केंद्रों को बेहतर करने का कार्य किया जा रहा है। आयुष्मान गोल्डन कार्ड से पांच लाख रुपये तक के इलाज की व्यवस्था कराई जा रही है। समाज के सबसे निचले पायदान पर बैठे परिवार को यह सुविधा दी जा रही है। पोषण मिशन कार्यक्रम के तहत 25 लाख से अधिक लोगों को सुविधा दिया गया है। हमने किसानों, बेरोजगारों और नौजवानों के लिए बेहतर काम किया है। 54 मार्गो को अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय मार्गो के साथ जोड़ा गया है। नेपाल के सभी प्रमुख बॉर्डर पर मैत्री द्वार बनाये जा रहे हैं। इंसेफेलाइटिस से कुशीनगर, महराजगंज और सिद्धार्थनगर में मरीज थे। यह आंकड़े 95 फीसद से भी कम हुए हैं। मेडिकल कालेज का काम जल्दी पूरा करने का निर्देश दिया गया है। स्वास्थ्य मंत्री जय प्रताप सिंह ने कहा कि छठे आरोग्य मेला शुरू होने तक 22 लाख मरीजों को देखा गया है। सभी महिला या पुरुष की मुफ्त जांच और इलाज की व्यवस्था की गई है। स्वास्थ्य कर्मियों ने को दस्तक अभियान के तहत अच्छा कार्य किए हैं। बेसिक शिक्षा मंत्री स्वत्रन्त्र प्रभार डॉ सतीश द्विवेदी ने कहा कि संयुक्त संघ में बेटी बचाओ-बेटी बचाओ और कन्या सुमंगल योजना की सराहना हुई है। दूसरे देश भी इसे अपना रहे हैं।

Hukoomat Reporter